देश/दुनिया

‘निस्वार्थ जनसेवा कभी व्यर्थ नहीं जाती’, नवसारी में PM मोदी ने साझा किया अपना अनुभव

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में अपने शुरुआती दिनों को याद किया। नवसारी में भाजपा के नए कार्यालय ‘नमो कमलम’ के उद्घाटन के बाद कार्यकर्ताओं और लोगों को संबोधित करते हुए उन्होंने बालिका शिक्षा से जुड़े अपने अनुभव साझा किए। पीएम मोदी ने बताया कि मुख्यमंत्री बनने के शुरुआती वर्षों में वह जून की भीषण गर्मी के दौरान गांव-गांव जाया करते थे। उस समय तापमान करीब 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाता था। उन्होंने कहा कि उस दौर में गांवों में 24 घंटे बिजली की सुविधा भी नहीं थी। कई जगहों पर पंखे तक ठीक से नहीं चलते थे, लेकिन बालिकाओं की शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए उन्होंने गांवों का दौरा जारी रखा। मोदी ने ‘कन्या केलवणी’ अभियान को याद करते हुए कहा कि इसका उद्देश्य बेटियों को स्कूल से जोड़ना और उनके नामांकन को बढ़ाना था। इस दौरान वह बच्चियों के माता-पिता से बेटियों को पढ़ाने की अपील करते थे। प्रधानमंत्री ने कहा कि कई बार वह छोटी बच्चियों का हाथ पकड़कर उन्हें स्कूल तक ले जाते थे। उस समय शायद यह अंदाजा नहीं था कि इस प्रयास का असर कई साल बाद किस रूप में सामने आएगा। उन्होंने अपने अनुभव को साझा करते हुए कहा कि आज जब वह प्रधानमंत्री के तौर पर किसी गांव में जाते हैं तो वही बच्चियां बड़ी होकर उनसे मिलती हैं।

कई बार वे पुरानी तस्वीरें लेकर भी उनके पास पहुंचती हैं। मोदी ने बताया कि कुछ लड़कियां उनसे कहती हैं, “साहब, प्रधानमंत्री ने कहा कि ऐसी बच्चियों को अपने पैरों पर खड़ा देखकर जो संतोष मिलता है, वह मुख्यमंत्री या प्रधानमंत्री जैसे पद से मिलने वाले संतोष से भी कहीं अधिक है। उन्होंने इसे अपने जीवन के सबसे गहरे और संतोषजनक अनुभवों में से एक बताया। उन्होंने कहा कि किसी गरीब या आदिवासी परिवार की उस बच्ची से 18-20 साल बाद मिलना, जिसे कभी स्कूल जाने के लिए प्रेरित किया था, उनके लिए बेहद भावुक और संतोष देने वाला क्षण होता है। पीएम मोदी ने कहा कि ऐसे अनुभवों ने उनके इस विश्वास को और मजबूत किया है कि निस्वार्थ जनसेवा कभी व्यर्थ नहीं जाती। उन्होंने भाजपा कार्यकर्ताओं से भी इसी भावना के साथ समाज की सेवा करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि भाजपा के लिए समाज सर्वोपरि है और लोगों की सेवा करना कार्यकर्ताओं के जीवन का स्वाभाविक हिस्सा होना चाहिए। मोदी ने कहा कि उनके लिए जनता जनार्दन ईश्वर का स्वरूप है। नवसारी में अपने संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री ने रेहड़ी-पटरी वालों के लिए सरकार की योजनाओं का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि बैंक खाते, बिना गारंटी के ऋण और डिजिटल भुगतान जैसी सुविधाओं के जरिए छोटे कारोबारियों को आर्थिक रूप से मजबूत करने का प्रयास किया जा रहा है।

उन्होंने बताया कि समय पर 15 हजार रुपये का ऋण चुकाने वाले लाभार्थियों को आगे 30 हजार और फिर 50 हजार रुपये तक का ऋण मिल सकता है। उनके मुताबिक ऐसी योजनाओं से छोटे कारोबारियों के लिए अपने काम को बढ़ाना आसान हुआ है। मोदी ने कहा कि इन योजनाओं के कारण कई परिवारों में पहले जहां केवल एक व्यक्ति कमाता था, वहीं अब दो लोग कमाने लगे हैं। उन्होंने नवसारी के भाजपा कार्यकर्ताओं से यह सुनिश्चित करने की अपील की कि कोई भी रेहड़ी-पटरी वाला सरकारी योजनाओं से वंचित न रहे। प्रधानमंत्री ने नवसारी जिले में चलाए जा रहे स्वच्छता अभियान की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि लोगों की भागीदारी से विकास और स्वच्छता से जुड़े प्रयासों को लंबे समय तक प्रभावी बनाया जा सकता है। ‘नमो कमलम’ कार्यालय का जिक्र करते हुए मोदी ने कहा कि यह केवल एक भवन नहीं होना चाहिए, बल्कि इसे जनसेवा का केंद्र बनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि जरूरतमंद लोग यहां मदद की उम्मीद लेकर आएं और उन्हें सेवा का अनुभव मिले।

प्रधानमंत्री ने कहा कि भाजपा के लिए सत्ता सेवा का माध्यम है। उन्होंने कहा कि संगठन, पद और प्रतिष्ठा का उद्देश्य भी लोगों की सेवा करना ही होना चाहिए। मोदी ने नवसारी के 2019 के लोकसभा चुनाव का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि नवसारी ने भाजपा नेता सी.आर. पाटिल को बड़े अंतर से जीत दिलाकर राष्ट्रीय स्तर पर रिकॉर्ड बनाया था। अंत में प्रधानमंत्री ने कार्यकर्ताओं को लगातार सक्रिय रहने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि जनता का प्यार और समर्थन मिलने के बावजूद भाजपा कार्यकर्ताओं के लिए आराम का कोई स्थान नहीं है और जनसेवा का काम लगातार जारी रहना चाहिए।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button